Bilaspur: 20 साल से पिंजरों में कैद 11 भारतीय तोते आजाद, बिलासपुर वन विभाग का बड़ा रेस्क्यू अभियान
हिमाचल प्रदेश के बिलासपुर जिले में वन विभाग ने एक महत्वपूर्ण वन्यजीव संरक्षण अभियान चलाते हुए 20 वर्षों से पिंजरों में कैद 11 भारतीय तोतों (पैराकीट) को मुक्त कराया। बिलासपुर वन मंडल की टीम ने रौड़ा सेक्टर में कार्रवाई करते हुए इन पक्षियों को रेस्क्यू किया और वन्यजीव संरक्षण अधिनियम के तहत कानूनी कार्रवाई भी शुरू की है। वन विभाग के अनुसार भारतीय वन्यजीव (संरक्षण) अधिनियम, 1972 के तहत भारतीय पक्षियों को पिंजरे में रखना पूरी तरह प्रतिबंधित है। इस मामले में अधिनियम की धारा 9 और 51 के तहत आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जा रही है। रेस्क्यू किए गए सभी 11 तोतों को उपचार, देखभाल और पुनर्वास के लिए शिमला स्थित टूटीकंडी वन्यजीव बचाव एवं पुनर्वास केंद्र भेजा गया है। यहां विशेषज्ञों की निगरानी में उनका स्वास्थ्य परीक्षण किया जाएगा और पूरी तरह स्वस्थ होने के बाद उन्हें प्राकृतिक आवास में छोड़ने की प्रक्रिया अपनाई जाएगी। परिक्षेत्र अधिकारी नरेंद्र सिंह ने कहा कि भारतीय मूल की किसी भी पक्षी प्रजाति को पिंजरे में रखना कानूनन अपराध है। उन्होंने लोगों से अपील की कि वन्यजीवों और पक्षियों को उनके प्राकृतिक वातावरण में ही रहने दें। उनका कहना था कि खुला आसमान ही पक्षियों का वास्तविक घर है और स्वतंत्र उड़ान उनका प्राकृतिक अधिकार है। वन विभाग ने लोगों से वन्यजीव संरक्षण में सक्रिय सहयोग करने और कहीं भी वन्यजीवों या पक्षियों को अवैध रूप से कैद रखने की सूचना तुरंत विभाग को देने की अपील की है।
Bilaspur: 20 साल से पिंजरों में कैद 11 भारतीय तोते आजाद, बिलासपुर वन विभाग का बड़ा रेस्क्यू अभियान #VaranasiLiveNews
- Source: www.amarujala.com
- Published: Jul 30, 2026, 11:51 IST
Bilaspur: 20 साल से पिंजरों में कैद 11 भारतीय तोते आजाद, बिलासपुर वन विभाग का बड़ा रेस्क्यू अभियान #VaranasiLiveNews
