Gorakhpur News: लिवोसिट्रीजिन, प्रोमेथाजिन इंजेक्शन और कीटोकोनाजोल साबुन का नमूना फेल
- ड्रग विभाग की जांच में दो नमूने फेल, इंजेक्शन की तीन अलग-अलग लैब में हुई थी जांच- भालोटिया मार्केट और सरदारनगर की दुकानों से लिए गए थे दवा और साबुन के नमूने- यूपीएमएससीएल की रिपोर्ट के बाद अब ड्रग इंस्पेक्टर से कराई जाएगी प्रोमेथाजीन इंजेक्शन की जांचअमर उजाला ब्यूरोगोरखपुर। जिले में दवाओं और मेडिकल उत्पादों की गुणवत्ता जांच में तीन नमूने फेल मिले हैं। इनमें एलर्जी की दवा लिवोसिट्रीजिन, प्रोमेथाजिन इंजेक्शन और एंटीफंगल कीटोकोनाजोल साबुन शामिल हैं। लिवोसिट्रीजिन और एंटीफंगल कीटोकोनाजोल मामले में ड्रग विभाग कानूनी कार्रवाई करेगा। तीनों की जांच अलग-अलग स्तर पर हुई है। लिवोसिट्रीजिन और साबुन के नमूने ड्रग विभाग ने लेकर प्रयोगशाला भेजे थे जबकि प्रोमेथाजिन इंजेक्शन की जांच यूपी मेडिकल सप्लाइज कॉरपोरेशन लिमिटेड (यूपीएमएससीएल) ने तीन अलग-अलग लैब में कराई थी। तीनों लैब की रिपोर्ट में इंजेक्शन का नमूना फेल मिला है। ड्रग विभाग ने अगस्त में लिवोसिट्रीजिन और कीटोकोनाजोल साबुन के नमूने लेकर जांच के लिए प्रयोगशाला भेजे थे। कीटोवेक कंपनी का एंटीफंगल साबुन सरदारनगर पीएचसी के पास स्थित एक दुकान से लिया गया था। वहीं, लिवोसिट्रीजिन का नमूना भालोटिया मार्केट की एक मेडिकल स्टोर से लिया गया था। सितंबर में आई रिपोर्ट में दोनों नमूने गुणवत्ता के मानकों पर खरे नहीं उतरे। वापस होगा दवा का स्टॉक, बिक्री पर भी रोकनमूने फेल होने की रिपोर्ट आने के बाद ड्रग विभाग ने संबंधित कंपनियों को स्टॉक वापस लेने के लिए पत्र भेजा है। साथ ही इन उत्पादों की बिक्री पर रोक लगा दी गई है। ड्रग विभाग जांच के लिए चार हिस्सों में नमूने लेता है। एक हिस्सा प्रयोगशाला में भेजा जाता है, दूसरा विक्रेता को दिया जाता है जबकि दो हिस्से विभाग अपने पास सुरक्षित रखता है।वेयरहाउस में आई दवा का नमूना फेलसूत्रों ने बताया कि प्रोमेथाजिन इंजेक्शन की करीब आठ हजार यूनिट एसबीपी कंपनी की ओर से पिपराइच स्थित सरकारी वेयरहाउस में भेजी गई थीं। यूपीएमएससीएल ने इसके नमूने तीन अलग-अलग प्रयोगशालाओं में जांच के लिए भेजे थे। तीनों जगह से नमूना फेल होने की रिपोर्ट आई है। वेयरहाउस के फार्मासिस्ट नित्यानंद सिंह के मुताबिक, जांच में दवा की रिपोर्ट सही आने के बाद ही उसे अस्पताल में भेजा जाता है। प्रोमेथाजिन की जांच अभी ड्रग इंस्पेक्टर के माध्यम से कराई जाएगी। कोटमेडिकल स्टोरों से नियमित रूप से रैंडम नमूने लेकर जांच कराई जाती है। गुणवत्ता में कमी मिलने पर संबंधित कंपनी और जिम्मेदार विक्रेताओं के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। दो दवाओं के नमूने फेल हुए हैं। - सिद्धेश्वर शुक्ला, ड्रग इंस्पेक्टर
#TwoSamplesFailedInADrugDepartmentInvestigation;TheInjectionsHadBeenTestedAtThreeSeparateLaboratories. #VaranasiLiveNews
- Source: www.amarujala.com
- Published: Oct 31, 2026, 02:58 IST
Gorakhpur News: लिवोसिट्रीजिन, प्रोमेथाजिन इंजेक्शन और कीटोकोनाजोल साबुन का नमूना फेल #TwoSamplesFailedInADrugDepartmentInvestigation;TheInjectionsHadBeenTestedAtThreeSeparateLaboratories. #VaranasiLiveNews
